'थार कार जीत गए' कहकर ठगों ने लगाया लाखों का चूना, 9.55 लाख रुपये की साइबर ठगी
भोपाल। मध्य प्रदेश में साइबर धोखाधड़ी के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं, जहाँ अपराधी नए-नए हथकंडे अपनाकर आम लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। राजधानी भोपाल से एक ताजा मामला सामने आया है, जिसमें साइबर ठगों ने एक व्यक्ति से करीब 9.50 लाख रुपये की ठगी कर ली है। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला।
पुलिस ने दी मामले की जानकारी
बागसेवनिया थाना प्रभारी अमित सोनी ने बताया कि 25 अप्रैल को 55 वर्षीय शिकायतकर्ता अनंत मसीह, जो कि भोपाल के बाग मुगलिया स्थित रामेश्वरम कॉलोनी के निवासी हैं, उनसे कुछ लोगों ने फोन और व्हाट्सएप के माध्यम से संपर्क किया। इन लोगों ने खुद को दिल्ली के 'उर्मी फ्रेंडशिप एंड डेटिंग क्लब' का प्रतिनिधि बताया।
लकी ड्रा के नाम पर जालसाजी
27 अप्रैल को ठगों ने अनंत मसीह को फोन कर जानकारी दी कि उन्हें क्लब के 'सुपर सिक्स लकी ड्रा' प्रोग्राम में विजेता चुना गया है और इनाम के तौर पर उन्हें थार कार दी जाएगी। विश्वास दिलाने के लिए ठगों ने कार का पंजीयन शुल्क, सदस्यता शुल्क, आरटीओ, बीमा, टीसीएस (TCS) और जीएसटी (GST) जैसे विभिन्न मदों के नाम पर पीड़ित से ऑनलाइन राशि जमा करवाई।
अलग-अलग किश्तों में ठगी
आरोपियों ने अलग-अलग किश्तों में कुल 6 लाख 83 हजार 295 रुपये जमा करा लिए। जब पीड़ित को कार या सदस्यता का कोई लाभ नहीं मिला और उन्होंने अपनी रकम वापस मांगी, तो आरोपितों ने 28 हजार 707 रुपये और जमा करने की मांग की। ठगों ने झांसा दिया कि अतिरिक्त राशि जमा करते ही पिछली पूरी रकम वापस खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी। जब पीड़ित ने जमा राशि में से ही यह रकम काटने को कहा, तो आरोपियों ने साफ इनकार कर दिया।
बैंक खाते से उड़ाए लाखों रुपये
जांच में सामने आया कि ठगों ने पीड़ित के स्टैंडर्ड चार्टर्ड बैंक खाते से गूगल-पे के जरिए अलग-अलग लेनदेन करके कुल 9 लाख 55 हजार 487 रुपये हड़प लिए। फिलहाल बागसेवनिया पुलिस इस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।
इस तरह की ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के लिए क्या आप यह जानना चाहेंगे कि साइबर सुरक्षा के लिए किन सावधानियों को बरतना अनिवार्य है?
छात्र आंदोलन पर सियासत तेज, शिक्षा मंत्री ने राहुल गांधी को घेरा
निशातपुरा स्टेशन का सपना हुआ साकार, तीन ट्रेनों के संचालन से होगी शुरुआत
उपद्रवियों पर दिल्ली पुलिस की बड़ी कार्रवाई, CJP प्रदर्शन मामले में 9 FIR दर्ज
मध्य प्रदेश में इमरजेंसी रिस्पॉन्स कानून पास, समय पर मदद पहुंचाने की कानूनी गारंटी
छात्र आंदोलन से संसद तक गूंजा विवाद, CJP प्रदर्शन ने बढ़ाई सियासी हलचल